सार्थक अभियान’ को मिली नई ताकत: जूडो खिलाड़ी रंजीता को मिलेगी सरकारी मदद
रायपुर | 19 अप्रैल 2026
छत्तीसगढ़ में बच्चों के उज्ज्वल भविष्य की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया गया है। राज्य के उपमुख्यमंत्री श्री अरुण साव की संवेदनशील पहल से प्रतिभाशाली जूडो खिलाड़ी रंजीता कुरैठी को अब आगे बढ़ने के लिए जरूरी सहयोग मिलेगा।
छत्तीसगढ़ राज्य बाल अधिकार संरक्षण आयोग की अध्यक्ष डॉ. वर्णिका शर्मा ने उपमुख्यमंत्री से मुलाकात कर कोंडागांव बाल गृह की पूर्व छात्रा रंजीता की उपलब्धियों और जरूरतों से अवगत कराया। रंजीता ने जूडो में राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर गोल्ड मेडल जीतकर राज्य और देश का नाम रोशन किया है और भारतीय टीम का हिस्सा भी रह चुकी हैं।
डॉ. शर्मा ने बताया कि रंजीता को उच्च स्तरीय प्रशिक्षण के लिए जापान भेजने और बेहतर पोषण के लिए आर्थिक सहायता की आवश्यकता है। इस पर त्वरित प्रतिक्रिया देते हुए उपमुख्यमंत्री श्री अरुण साव ने रंजीता से वीडियो कॉल पर बात की और खेल विभाग के अधिकारियों को तुरंत आवश्यक मदद सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
‘सार्थक अभियान’ बना सहारा
डॉ. वर्णिका शर्मा ने बताया कि आयोग द्वारा चलाया जा रहा ‘सार्थक अभियान’ उन बालक-बालिकाओं के लिए है, जो 18 वर्ष की आयु के बाद बाल देखरेख संस्थाओं से बाहर निकलते हैं। इस अभियान के तहत उनके भविष्य को सुरक्षित और सशक्त बनाने के लिए ठोस कदम उठाए जा रहे हैं। रंजीता की मदद इसी पहल का एक अहम हिस्सा है।
बच्चों की सुरक्षा पर भी जोर
इस मुलाकात के दौरान बच्चों की सुरक्षा से जुड़े अहम मुद्दों पर भी चर्चा हुई।
डॉ. शर्मा ने खेल मैदानों की सुरक्षा, आवारा कुत्तों से बचाव और नगरीय क्षेत्रों में खुले गड्ढों के चारों ओर सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने की आवश्यकता पर जोर दिया।
उपमुख्यमंत्री श्री अरुण साव ने इन सभी मुद्दों को गंभीरता से लेते हुए आगामी विभागीय बैठक में शामिल करने और ठोस कार्रवाई का आश्वासन दिया !
डॉ. वर्णिका शर्मा ने आयोग की ओर से उपमुख्यमंत्री की इस संवेदनशील और सकारात्मक पहल के लिए हृदय से आभार व्यक्त किया।
