कांकेर में शुरू हुई अत्याधुनिक एमआरआई सुविधा, अब मरीजों को नहीं जाना पड़ेगा बड़े शहरों की ओर
कांकेर। कांकेर जिले में स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार की दिशा में एक बड़ी उपलब्धि हासिल हुई है। चिकित्सा महाविद्यालय अस्पताल कांकेर में अत्याधुनिक एमआरआई मशीन का संचालन शुरू हो गया है। इससे अब जिले के मरीजों को एमआरआई जांच के लिए रायपुर या अन्य बड़े शहरों का रुख नहीं करना पड़ेगा। स्थानीय स्तर पर यह सुविधा उपलब्ध होने से मरीजों को समय, धन और अनावश्यक परेशानियों से राहत मिलेगी।
अब तक गंभीर बीमारियों की जांच के लिए मरीजों को एमआरआई कराने जिले से बाहर जाना पड़ता था। इससे उन्हें यात्रा, ठहरने और अन्य खर्चों के साथ उपचार में देरी जैसी समस्याओं का सामना करना पड़ता था। लेकिन अब चिकित्सा महाविद्यालय अस्पताल कांकेर में ही यह सुविधा उपलब्ध होने से जिलेवासियों को बड़ी राहत मिली है।
आर्थिक रूप से कमजोर मरीजों को मिलेगा बड़ा लाभ
पखांजूर निवासी बीपीएल कार्डधारी गुरुदास बिस्वास ने बताया कि डॉक्टरों ने उन्हें एमआरआई जांच कराने की सलाह दी थी, लेकिन आर्थिक स्थिति कमजोर होने के कारण वे बड़े शहर जाकर जांच नहीं करा पा रहे थे। रायपुर या अन्य शहरों में जांच कराने में आने-जाने, ठहरने और अन्य खर्चों का बोझ उठाना मुश्किल था। अब कांकेर में ही एमआरआई सुविधा मिलने से उन्होंने आसानी से जांच कराई और इसे गरीब मरीजों के लिए बड़ी राहत बताया।
उन्होंने इस सुविधा के लिए राज्य शासन और जिला प्रशासन के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इससे उनके जैसे अनेक जरूरतमंद मरीजों को लाभ मिलेगा।
तकनीकी समस्या दूर होने के बाद फिर शुरू हुई सुविधा
कलेक्टर निलेशकुमार महादेव क्षीरसागर ने कहा कि तकनीकी कारणों से लंबे समय से बंद पड़ी एमआरआई मशीन को पुनः शुरू कर दिया गया है। इससे मरीजों को जांच के लिए बाहर नहीं जाना पड़ेगा और उन्हें स्थानीय स्तर पर ही बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध होंगी। उन्होंने कहा कि इससे लोगों के समय और धन दोनों की बचत होगी।
न्यूरो, ट्यूमर और स्पाइन रोगों की जांच में मिलेगी मदद
अस्पताल अधीक्षक डॉ. विमल भगत ने बताया कि अस्पताल में स्थापित 1.5 टेस्ला क्षमता वाली एमआरआई मशीन विशेष रूप से न्यूरोलॉजिकल बीमारियों की जांच के लिए अत्यंत उपयोगी है। आयुष्मान कार्ड और बीपीएल कार्डधारी मरीजों को नियमानुसार निःशुल्क एमआरआई जांच की सुविधा भी प्रदान की जाएगी।
रेडियोलॉजी विभाग के प्रमुख डॉ. के.के. शोरी ने बताया कि एमआरआई मशीन के माध्यम से मस्तिष्क संबंधी रोगों, ट्यूमर, स्पाइन की समस्याओं, घुटने के जोड़ तथा शरीर के विभिन्न अंगों से जुड़ी गंभीर बीमारियों की सटीक पहचान की जा सकेगी। इससे समय पर बीमारी का पता लगने के साथ मरीजों को बेहतर और प्रभावी उपचार मिल सकेगा।
स्वास्थ्य सेवाओं को मिली नई मजबूती
चिकित्सा महाविद्यालय अस्पताल कांकेर में एमआरआई सुविधा शुरू होने से जिले की स्वास्थ्य सेवाओं को नई मजबूती मिली है। यह पहल न केवल मरीजों को राहत प्रदान करेगी, बल्कि दूरस्थ और ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों को भी आधुनिक चिकित्सा सुविधाओं का लाभ उनके जिले में ही उपलब्ध कराएगी।
