छत्तीसगढ़ में वन विभाग का बड़ा प्रमोशन: 18 रेंजर बने सहायक वन संरक्षक, जल्द मिलेगी नई जिम्मेदारी
वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग ने जारी किया पदोन्नति आदेश, अधिकारियों को मिली बड़ी जिम्मेदारी
रायपुर। छत्तीसगढ़ के वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग में अधिकारियों को बड़ी सौगात मिली है। राज्य शासन ने विभाग के 18 वनक्षेत्रपालों (रेंजरों) को पदोन्नत कर सहायक वन संरक्षक (Assistant Conservator of Forest-ACF) के पद पर नियुक्त करने का आदेश जारी किया है। इस पदोन्नति के बाद संबंधित अधिकारियों की जिम्मेदारियां और अधिक महत्वपूर्ण हो जाएंगी।
शासन द्वारा जारी आदेश के अनुसार पदोन्नति प्राप्त करने वाले सभी अधिकारियों को वेतन मैट्रिक्स लेवल-12 के अंतर्गत रखा गया है। वन विभाग में लंबे समय से सेवा दे रहे इन अधिकारियों के लिए यह पदोन्नति उनके अनुभव और कार्यों की महत्वपूर्ण उपलब्धि मानी जा रही है।
नई पदस्थापना के लिए जल्द जारी होगा अलग आदेश
वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग द्वारा जारी पदोन्नति आदेश में फिलहाल अधिकारियों की नई पदस्थापना तय नहीं की गई है। विभाग की ओर से बताया गया है कि पदोन्नत अधिकारियों को नई जिम्मेदारी और पदस्थापना देने के लिए अलग से आदेश जारी किया जाएगा।
ऐसे में अब सभी की नजर शासन के आगामी पदस्थापना आदेश पर टिकी हुई है। नई पोस्टिंग के बाद इन अधिकारियों को प्रदेश के विभिन्न वन मंडलों और महत्वपूर्ण क्षेत्रों में जिम्मेदारी सौंपी जा सकती है।
वन संरक्षण और प्रबंधन में बढ़ेगी भूमिका
सहायक वन संरक्षक के पद पर पदोन्नति मिलने के बाद अधिकारियों की भूमिका वन संरक्षण, वन्यजीव प्रबंधन, पर्यावरण संरक्षण और विभागीय योजनाओं के क्रियान्वयन में और अधिक महत्वपूर्ण होगी।
छत्तीसगढ़ अपने विशाल वन क्षेत्र और समृद्ध जैव विविधता के लिए देशभर में विशेष पहचान रखता है। ऐसे में वन विभाग के अधिकारियों की जिम्मेदारी केवल वनों की सुरक्षा तक सीमित नहीं है, बल्कि वन्यजीव संरक्षण, अवैध कटाई की रोकथाम, पौधरोपण, पर्यावरण संरक्षण और स्थानीय समुदायों के साथ समन्वय जैसे महत्वपूर्ण कार्य भी शामिल हैं।
18 अधिकारियों को मिला पदोन्नति का लाभ
शासन के इस निर्णय से 18 रेंजरों को सीधे सहायक वन संरक्षक के पद पर पदोन्नति का लाभ मिला है। विभागीय अधिकारियों के लिए यह फैसला महत्वपूर्ण माना जा रहा है, क्योंकि इससे प्रशासनिक व्यवस्था को मजबूती मिलने के साथ ही अनुभवी अधिकारियों को उच्च स्तर पर काम करने का अवसर मिलेगा।
पदोन्नति के बाद विभागीय कार्यों में बेहतर समन्वय और वन क्षेत्रों की निगरानी व्यवस्था को भी मजबूती मिलने की उम्मीद है।
वन विभाग की कार्यप्रणाली होगी और मजबूत
छत्तीसगढ़ में वन संरक्षण सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल है। प्रदेश के कई जिलों में घने वन क्षेत्र और महत्वपूर्ण वन्यजीव अभयारण्य मौजूद हैं। ऐसे में अनुभवी अधिकारियों को उच्च पदों पर जिम्मेदारी मिलने से वन प्रबंधन की व्यवस्था और प्रभावी होने की संभावना है।
वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग की इस पदोन्नति को प्रशासनिक दृष्टि से भी महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। अब जल्द ही पदोन्नत 18 सहायक वन संरक्षकों की नई पदस्थापना का आदेश जारी होने की संभावना है।

