वंदे मातरम् का 6 अंतरों वाला संस्करण हुआ अनिवार्य, स्कूलों के लिए भी जारी हुई सलाह
केंद्रीय गृह मंत्रालय ने एक नए आदेश के तहत ‘वंदे मातरम्’ को अब सभी सरकारी कार्यक्रमों में अनिवार्य रूप से बजाने और गाने का निर्देश दिया है। इसके साथ ही, यदि ‘वंदे मातरम्’ और ‘जन गण मन’ दोनों को एक ही कार्यक्रम में बजाया जाए, तो पहले ‘वंदे मातरम्’ बजाया जाएगा। श्रोताओं को गीत के दौरान सावधान मुद्रा में खड़ा रहना होगा।
प्रमुख निर्देश:
1. 6-अंतरों वाला संस्करण: 3 मिनट 10 सेकंड के इस संस्करण को राष्ट्रीय ध्वज फहराने, राष्ट्रपति के आगमन, भाषणों से पहले-पश्चात और राज्यपालों के कार्यक्रमों में बजाया जाएगा।
2. प्रोटोकॉल: न्यूज रील या डॉक्यूमेंट्री में गीत बजाए जाने पर खड़े होने की अनिवार्यता नहीं।
3. स्कूलों में अनिवार्यता: सभी स्कूलों को दिन की शुरुआत ‘वंदे मातरम्’ के सामूहिक गायन से करनी होगी।
विशेष प्रावधान:
– राष्ट्रपति के संबोधन से पहले ‘वंदे मातरम्’ बजाया जाएगा।
– बैंड द्वारा गीत बजाने से पहले ढोल की थाप (ड्रम रोल) दी जाएगी।
– सांस्कृतिक कार्यक्रमों और परेडों में सामूहिक गायन अनिवार्य।
यह निर्णय ‘वंदे मातरम्’ के प्रति राष्ट्रीय सम्मान को मजबूत करने और एकीकृत प्रोटोकॉल स्थापित करने की दिशा में उठाया गया है।
