नया साइबर फ्रॉड खतरा: फोन पर ‘हां’ या ‘Yes’ बोलना पड़ सकता है महंगा
रायपुर। आजकल फोन पर बार-बार आने वाली कॉल्स सामान्य हो गई हैं। डिलीवरी, बैंक, ऑफिस या किसी अज्ञात नंबर से कॉल आना आम बात है। इसी आदत का फायदा अब साइबर अपराधी उठा रहे हैं। एक नया और बेहद सरल तरीका अपनाया जा रहा है, जिसमें फ्रॉड करने वाले सिर्फ आपसे एक छोटा सा सवाल पूछते हैं और आप बिना सोचे ‘हां’ या ‘Yes’ बोल देते हैं। यही छोटा जवाब कई मामलों में बड़ी आर्थिक मुसीबत की शुरुआत बन रहा है।
साइबर सुरक्षा विशेषज्ञों के अनुसार, इन फ्रॉड कॉल्स का मुख्य उद्देश्य लंबी बातचीत नहीं, बल्कि आपकी आवाज का एक स्पष्ट सैंपल हासिल करना होता है। इस रिकॉर्ड की गई आवाज का इस्तेमाल बाद में वॉइस-बेस्ड वेरिफिकेशन सिस्टम में आपकी पहचान साबित करने के लिए किया जाता है। जैसे-जैसे बैंकिंग, कस्टमर केयर तथा अन्य डिजिटल सेवाओं में आवाज आधारित प्रमाणीकरण का चलन बढ़ रहा है, वैसे-वैसे इस प्रकार की ठगी का खतरा भी तेजी से बढ़ रहा है।
इस स्कैम का पैटर्न बहुत सरल है। अज्ञात नंबर से कॉल आता है और सामने से पूछा जाता है—“क्या यह आप हैं?” या “क्या आवाज आ रही है?” अधिकांश लोग स्वाभाविक रूप से ‘हां’ या ‘Yes’ बोल देते हैं। कॉल कुछ ही सेकंड में समाप्त हो जाती है और यूजर इसे सामान्य कॉल समझकर भूल जाता है। लेकिन इसी दौरान उसकी आवाज का छोटा सा हिस्सा रिकॉर्ड हो चुका होता है।
विशेषज्ञों ने सलाह दी है कि अज्ञात नंबरों से आने वाली कॉल पर ‘हां’ या ‘Yes’ जैसे शब्दों का प्रयोग सावधानी से करें। यदि कोई संदिग्ध कॉल आए तो बातचीत को कम से कम रखें तथा व्यक्तिगत जानकारी साझा न करें। आवाज आधारित वेरिफिकेशन सिस्टम का दुरुपयोग रोकने के लिए सतर्क रहना आवश्यक है।
