राजिम कुंभ कल्प का माघ पूर्णिमा पर भव्य आगाज, त्रिवेणी संगम में हजारों श्रद्धालुओं ने लगाई आस्था की डुबकी
राजिम। छत्तीसगढ़ की धार्मिक नगरी राजिम में रविवार, 1 फरवरी को माघ पूर्णिमा के अवसर पर राजिम कुंभ कल्प 2026 का विधिवत शुभारंभ हुआ। तड़के सुबह से ही पैरी, सोढूर और महानदी के पवित्र त्रिवेणी संगम पर हजारों श्रद्धालुओं ने पुण्य स्नान कर मेले का आगाज किया। सूर्योदय से पूर्व ही संगम तट पर आस्था का जनसैलाब उमड़ पड़ा था।
धार्मिक परंपराओं के अनुसार, श्रद्धालुओं ने माघी पूर्णिमा के अवसर पर संगम में डुबकी लगाने के बाद नदी तट पर दीपदान किया, जिससे पूरा क्षेत्र रोशनी से सराबोर हो गया। स्नान के पश्चात महिलाओं ने रेत से शिवलिंग बनाकर पूजा-अर्चना की। संगम में स्नान के बाद बड़ी संख्या में श्रद्धालु भगवान राजीव लोचन और कुलेश्वरनाथ महादेव के दर्शन करने पहुंचे। इसके अलावा लोमश ऋषि आश्रम, भक्तिन माता मंदिर और मामा-भांचा मंदिर सहित अन्य देवालयों में भी दिनभर भक्तों का तांता लगा रहा।
इस वर्ष राजिम कुंभ कल्प मेले को 12 ज्योतिर्लिंग और पंचकोशी धाम की विशेष थीम पर सजाया गया है, जो श्रद्धालुओं के आकर्षण का केंद्र बना हुआ है। 15 दिनों तक चलने वाले इस मेले में देशभर के प्रसिद्ध साधु-संतों का आगमन होगा। मेला प्रशासन ने 10 फरवरी से 15 फरवरी तक भव्य संत समागम की तैयारी की है। इस दौरान जानकी जयंती और महाशिवरात्रि के अवसर पर विशेष शाही स्नान का आयोजन किया जाएगा।
श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए प्रशासन ने सुरक्षा, स्वास्थ्य, पेयजल और यातायात के पुख्ता इंतजाम किए हैं। मेले का समापन 15 फरवरी को महाशिवरात्रि के पावन पर्व पर होगा। पूरे मेला क्षेत्र में सीसीटीवी कैमरों से निगरानी रखी जा रही है और पुलिस बल तैनात किया गया है ताकि श्रद्धालुओं को सुगम दर्शन और स्नान का लाभ मिल सके।
